ताश के नियम · 2026-10-29
क्या सही हाथ में सेट होना जरूरी है?
यहाँ इस्तेमाल तेरह-पत्ता समूह-शर्त में मान्य सीक्वेंस पूरे हाथ को ढकती हों तो सेट अनिवार्य नहीं। कम-से-कम दो सीक्वेंस चाहिए, एक प्योर हो और सभी पत्ते मान्य समूहों में हों।

यहाँ इस्तेमाल तेरह-पत्ता समूह-शर्त में मान्य सीक्वेंस पूरे हाथ को ढकती हों तो सेट अनिवार्य नहीं। कम-से-कम दो सीक्वेंस चाहिए, एक प्योर हो और सभी पत्ते मान्य समूहों में हों।
बिना किसी सेट का हाथ
बिना घोषित वाइल्ड रैंक के ये तेरह पत्ते देखें:
2♥ 3♥ 4♥ 5♥ 6♥ / 7♣ 8♣ 9♣ 10♣ / 9♦ 10♦ J♦ Q♦
समूहों की लंबाइयाँ 5, 4 और 4 हैं। हर समूह एक सूट की लगातार रैंक से बना है। सभी प्राकृतिक सीक्वेंस हैं, इसलिए प्योर सीक्वेंस की शर्त भी पूरी है। हर पत्ता एक समूह में है और कुल तेरह हैं।
समान रैंक का कोई सेट नहीं है। बताई शर्त में यह कमी हाथ को गलत नहीं बनाती। दोहराते नौ और दस अलग सीक्वेंस में हैं; उन्हें निकालकर सेट बनाना जरूरी नहीं।
“चार समूह” अलग बात क्यों है?
परिचित चित्र 3 + 3 + 3 + 4 पत्तों के समूह दिखा सकता है। यह तेरह बाँटने का एक तरीका है, हर सही हाथ में चार समूह होने का प्रमाण नहीं। 5 + 4 + 4 वाला उदाहरण उस चित्र की नकल किए बिना बताई सीक्वेंस-शर्त पूरी करता है।
लेकिन केवल जोड़ पर्याप्त नहीं है। पाँच, चार और चार असंबंधित पत्तों के ढेर गलत रहेंगे। समूह की लंबाई बँटवारा बताती है; रैंक का क्रम और सूट तय करते हैं कि वे सीक्वेंस हैं या नहीं।
केवल एक प्योर सीक्वेंस भी पर्याप्त नहीं
अब दूसरा तेरह-पत्ता हाथ देखें:
4♠ 5♠ 6♠ 7♠ / 3♣ 3♦ 3♥ / 8♣ 8♦ 8♥ / K♣ K♦ K♥
एक चार-पत्ता प्योर सीक्वेंस और तीन सेट हैं। हर पत्ता समूह में है, लेकिन दूसरी जरूरी सीक्वेंस नहीं है। उसी घोषणा-शर्त में यह व्यवस्था अधूरी है। अधिक सेट जोड़ने से गायब प्रकार का समूह नहीं मिलता।
दोनों हाथ उलटी गलतियाँ समझाते हैं। पहला दिखाता है कि सेट बिल्कुल न होना भी संभव है। दूसरा दिखाता है कि सही सेट कम सीक्वेंस की भरपाई नहीं करते। पत्तों के साथ जरूरी समूह-प्रकार भी गिनें; पूरे हाथ की याद की हुई तस्वीर का अनुसरण करने से यह अधिक सटीक है।